कल रात लगे पूर्ण चंद्र ग्रहण के बाद आज रंगों की होली (धुलंडी) का उत्सव है। शास्त्रों के अनुसार, ग्रहण के बाद वातावरण में एक प्रकार की सुप्त नकारात्मकता रह जाती है। इसलिए, होली के रंगों में डूबने से पहले घर और मन की शुद्धि अनिवार्य है। यदि आप चाहते हैं कि इस होली से आपके जीवन में केवल खुशियां आएं, तो आज सुबह ये 3 काम जरूर करें।
ग्रहण के बाद सबसे पहले अपने निवास स्थान को शुद्ध करना आवश्यक है।
गंगाजल का प्रयोग: आज सुबह पूरे घर में, विशेषकर कोनों में गंगाजल का छिड़काव करें। यदि गंगाजल उपलब्ध न हो, तो ताजे जल में थोड़ी हल्दी और नमक मिलाकर छिड़कें।
सफाई: घर की रसोई और मंदिर की विशेष सफाई करें। ग्रहण के दौरान पहने हुए कपड़ों को धोने के लिए डालें।
धूप-दीप: घर में गूगल, लोबान या कपूर का धुआं करें। इससे ग्रहण के दौरान इकट्ठा हुई नकारात्मक ऊर्जा घर से बाहर निकल जाती है।
होली खेलने से पहले देवी-देवताओं का आशीर्वाद लेना सौभाग्य लाता है।
ठाकुर जी का तिलक: सबसे पहले अपने लड्डू गोपाल या इष्टदेव को अबीर-गुलाल का तिलक लगाएं।
पितरों का स्मरण: अपने पूर्वजों की तस्वीर के सामने हाथ जोड़कर उन्हें नमन करें और उनके चरणों के पास थोड़ा गुलाल छिड़कें।
अमृत फल: भगवान को सफेद मिठाई या मौसमी फलों का भोग लगाएं। इससे घर में अन्न और धन की कभी कमी नहीं होती।
होली के हुड़दंग में शामिल होने से पहले स्वयं को शुद्ध करना न भूलें।
शुद्ध स्नान: नहाने के पानी में एक चुटकी काला तिल या गंगाजल डालें। यह शरीर की ऊर्जा को संतुलित करता है।
जरूरतमंद की सहायता: होली खेलने जाने से पहले किसी गरीब को थोड़ा अनाज, गुड़ या पुराने वस्त्र दान करें। ग्रहण के तुरंत बाद किया गया दान कुंडली के दोषों को दूर करता है और होली के आनंद को दोगुना कर देता है।