सोमनाथ स्वाभिमान पर्व: 1,000 साल के संघर्ष और विजय का उत्सव; आज शाम शामिल होंगे पीएम मोदी

सोमनाथ स्वाभिमान पर्व: 1,000 साल के संघर्ष और विजय का उत्सव; आज शाम शामिल होंगे पीएम मोदी

वेरावल (गुजरात), 10 जनवरी 2026: भारत के 'सांस्कृतिक गौरव' के प्रतीक, प्रथम ज्योतिर्लिंग भगवान सोमनाथ के प्रांगण में आज 'सोमनाथ स्वाभिमान पर्व' का भव्य आयोजन हो रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज शाम सोमनाथ पहुंचेंगे और इस ऐतिहासिक अवसर के साक्षी बनेंगे। यह महोत्सव न केवल मंदिर के 1,000 साल के गौरवशाली इतिहास को दर्शाता है, बल्कि यह उस अटूट विश्वास का भी उत्सव है जिसने विदेशी आक्रांताओं के हर प्रहार को विफल कर दिया।

आज के मुख्य आकर्षण (Schedule for Jan 10)

  • ओंकार मंत्र जप (8:00 PM): प्रधानमंत्री आज रात 8 बजे मंदिर परिसर में चल रहे 72 घंटे के अखंड 'ओंकार' जाप में शामिल होंगे। देशभर से आए सैकड़ों संतों की उपस्थिति में होने वाला यह जाप पूरे वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर देगा।

  • भव्य ड्रोन शो (8:30 PM): जाप के बाद अरब सागर के ऊपर आसमान में एक अत्याधुनिक ड्रोन शो का आयोजन होगा। 2,000 से अधिक ड्रोन लाइट के माध्यम से सोमनाथ मंदिर के इतिहास, उसके विनाश और फिर से उठ खड़े होने की 'विजय गाथा' को प्रदर्शित करेंगे।

1026 से 2026: एक सहस्राब्दी का सफर

इतिहास के पन्नों में जनवरी 1026 वह काला समय था जब महमूद गजनवी ने इस मंदिर पर पहला बड़ा आक्रमण किया था। लेकिन 2026 का यह पर्व यह संदेश देता है कि आस्था को कभी मिटाया नहीं जा सकता।

  • 1000 वर्ष: पहले आक्रमण के एक हजार साल।

  • 75 वर्ष: 11 मई 1951 को तत्कालीन राष्ट्रपति डॉ. राजेंद्र प्रसाद द्वारा मंदिर की पुनर्स्थापना के 75 वर्ष।

कल होगी 'शौर्य यात्रा' 

कल सुबह प्रधानमंत्री 108 घोड़ों वाली 'शौर्य यात्रा' का नेतृत्व करेंगे। यह यात्रा उन अनाम योद्धाओं और नागरिकों के सम्मान में है जिन्होंने सदियों तक इस मंदिर की रक्षा के लिए अपने प्राणों का बलिदान दिया।



प्रश्न और उत्तर



आप इन्हें भी पढ़ सकते हैं




2026 के आगामी त्यौहार और व्रत











दिव्य समाचार











Humble request: Write your valuable suggestions in the comment box below to make the website better and share this informative treasure with your friends. If there is any error / correction, you can also contact me through e-mail by clicking here. Thank you.

EN हिं