हिन्दू पंचाग के अनुसार एक साल में 12 मास होते है। प्रत्येक महीने में 30 दिन होते है। हिन्दू मास में दो पक्ष होते है, कृष्ण पक्ष और शुक्ल पक्ष। ये दोनों पक्ष चंद्रमा की गतिविधि पर आधारित होते है। जब चन्द्रमा घटते क्रम में होता है तो उसे कृष्ण पक्ष कहते है। जब चंद्रमा बढ़ते क्रम में होता है तो वह शुक्ल पक्ष कहा जाता है। हिंदू नववर्ष का आरंभ चैत्र मास से होता है। वहीं, वर्ष का अंत फाल्गुन माह में होता है।
हिंदू महीनों का नाम नक्षत्रों के नाम के अनुसार रखे गए हैं। किसी भी महीने की पूर्णिमा तिथि को चंद्रमा जिस नक्षत्र में होता है, उसी के आधार पर किसी भी महीने का नाम रखा गया है। है। मास की पहली तिथि प्रतिपदा होती है। फिर द्वितीया, तृतीया आदि चतुर्दशी तक चैदह तिथियां आती हैं। इसके बाद पंद्रहवीं तिथि पूर्णिमा या अमावस्या होती है।
| हिन्दू महीनों के नाम | महीने की शुरुआत | महीना समाप्त |
|---|---|---|
| पौष | 05 दिसंबर 2025 | 03 जनवरी 2026 |
| माघ | 04 जनवरी 2026 | 02 फरवरी 2026 |
| फाल्गुन | 03 फरवरी 2026 | 04 मार्च 2026 |
| चैत्र | 05 मार्च 2026 | 03 अप्रैल 2026 |
| वैशाख | 04 अप्रैल 2026 | 03 मई 2026 |
| ज्येष्ठ | 04 मई 2026 | 02 जून 2026 |
| आषाढ़ | 03 जून 2026 | 01 जुलाई 2026 |
| श्रावण | 02 जुलाई 2026 | 30 जुलाई 2026 |
| भाद्रपद | 31 जुलाई 2026 | 28 अगस्त 2026 |
| आश्विन | 29 अगस्त 2026 | 27 सितंबर 2026 |
| कार्तिक | 28 सितंबर 2026 | 27 अक्तूबर 2026 |
| मार्गशीर्ष | 28 अक्तूबर 2026 | 25 नवंबर 2026 |
| पौष (संवत 2083) | 26 नवंबर 2026 | 24 दिसंबर 2026 |